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चिकू नाम का बिहारी लड़का पंजाब के एक शहर में मजदूरी करता था, दुबला पतला सा लड़का, हाड़ का कांच, गठीला नहीं बस पतला ही—पूरे शरीर में अगर कहीं कोई मास था तो वो उसका लौड़ा ही होगा। अच्छा खासा 9-10 इंच का मोटा लचीला लंड था उसका, जवानी में उफान था पूरे शरीर में, वो एक नंबर का ठरकी था। New Hot Story
सड़क पर चलती मोटी भुंड वाली पंजाबी औरतों को देख के सीधा पजामे के ऊपर से ही लंड घुसलाने लगता था, पत्थर जैसा कड़ा हो जाता था पांच मिनट में ही। अब वो करे भी तो क्या? वो बिहार के एक छोटे गांव से आया था, वहां छोटी छोटी हाइट वाली दुबली-पतली लड़कियां ही मिलती थीं.
और यहां पंजाब में गदराई हुई मोटे थानों वाली, मोटे-मोटे चुतड़ों को सड़क पर हिलाती हुई सरदारनियां घूम रही थी। उनकी चाल देख के ही चिकू का लंड खड़ा हो जाता था, रात को कोठे में दीवार पर पीठ टिका के पूरी रात हस्तमैथुन करता था उनका ख्याल करके।
एक दिन उसका काम जल्दी खत्म हो गया— मकान की पुताई थी, सुबह आठ बजे से दोपहर बारह बजे तक ही खत्म हो गई। वो अपने किराए के कमरे की तरफ जा रहा था, पसीने से पूरी कमीज भीगी हुई थी, भूख से पेट में चूहे दौड़ रहे थे।
तभी उससे एक पीपल के पेड़ के नीचे एक छोले भटूरे की छोटी सी दुकान दिखी, सफ़ेद चादर बिछी हुई, लकड़ी के दो बेंच रखे हुए। उसको भूख लगी थी तो वो बिना सोचे दुकान में पहुंच गया। वहां पर एक पंजाबी आंटी थी जो काउंटर पर बैठकर प्याज कट रही थी।
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चिकू ने पैर अंदर रखा ही था और उसकी सांस ही रुक गई। उस आंटी का क्या फिगर था! नन जैसा नरम गोरा बदन, हल्की सी धूप में चमक रहा था, काले घने बाल ऊपर बांधे हुए थे, कुछ लटें माथे पर गिर रही थीं, मोटे-भरे हुए चूचे जो अंदर से उठ रहे थे, कमर में थोड़ा सा मांस, मस्त उठी हुई गांड जो सूट के नीचे से ऐसे गोल उठ रही थी जैसे कोई फुला हुआ तरबूज हो।
चिकू का लंड तुरंत पैंट के अंदर ही फूलना शुरू हो गया, कपड़े के खिलाफ रगड़ खा रहा था। आंटी की उम्र 40 के करीब होगी, गुलाबी गाल, मोटे होंठ, चेहरे पर एक हल्की सी नमी पसीने से। पसीने की वजह से उनके पीले सूट पूरी तरह ट्रांसपेरेंट हो गया था, और उनकी काली ब्रा और काली कच्छी की रेखा भी साफ नजर आ रही थी।
चूचों के गोल निप्पल भी हल्की सी छाप छोड़ रहे थे। वह क्या नजारा था! चिकू के मुंह में पानी आ गया, वो दरवाजे पर ही खड़ा रह गया, हिल ही नहीं पा रहा था। आंटी ने सिर उठाया, उसे देखा, और हल्की मुस्कान दे कर बोली: “आ जा बेटा, वहां बेंच प बैठ जाओ, मैं अभी प्लेट लगाती हूं। छोले ताजे हैं आज के बनाए हुए।”
चिकू कुछ नहीं बोला, बस अपना बैग घुमा कर बेंच पर बैठ गया, और नजरें हटा ही नहीं पा रहा था—बस आंटी के चुताड़ों को हिलाते हुए देखता रहा जब वो काउंटर से प्लेट निकाल कर छोले गरम करने के लिए उठी। अब क्यूंकि चिकू पतला था और हमेशा टाइट पैंट पहनता था तो जब उसका लंड पूरी तरह फूलना शुरू हुआ तो उसको बहुत ज्यादा दर्द होना शुरू हुआ।
पैंट की जिप बहुत टाइट थी, लंड दब रहा था कपड़े में। उसने इधर-उधर देखा, दुकान में कोई और नहीं था, सब दोपहर को अपने-अपने घर में सो रहे थे। तो उसने चुपके से अपनी जिप खोली, और लंड को आजाद कर दिया। वो सिर्फ फूला था अभी पूरी तरह कड़क नहीं हुआ था. ये कहानी आप क्रेजी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर पढ़ रहे है.
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तो वो जांघ के बीच में ही जमीन की तरह गिर सा गया, और वो सही भी था— क्योंकि अगर वो अपनी जांघों को आपस में चिपका दे तो किसी को पता नहीं चलेगा कि लंड बाहर निकला हुआ है। चिकू ने सांस ली, दर्द थोड़ा कम हुआ। अचानक से आंटी आ गई, प्लेट हाथ में लिए।
चिकू ने जल्दी से जांघ बंद कर दी, बहुत घबराया हुआ था कि कहीं देख न ले। उन्होंने मेज पर प्लेट रखी, और पानी का गिलास भी रखा, फिर चिकू की बिल्कुल साइड में खड़ी हो के बोली—इतनी पास कि उसकी मोटी जांघ चिकू के घुटने से लग रही थी: “वहां पानी की बाल्टी है किनारे पर, अगर हाथ धोने है तो वहां जा कर धो ले बेटा। मैंने छोले ऊपर से नींबू निचोड़ दिया है, अभी खा ले।”
चिकू ने सर हिला कर मना कर दिया, उसका दिल तो ऐसे धड़क रहा था कि छाती फट रही थी। वो जानता था—अगर वो हल्का सा भी हिलता, अपनी जांघें थोड़ी सी भी हटाता तो आंटी को सारा खेल दिख जाएगा। उसका लंड पहले ही बाहर निकला हुआ था, पूरी तरह कड़क, ऊपर की तरफ उठ रहा था, जांघों के बीच में फिट नहीं हो पा रहा था। “New Hot Story”
वो बस जांघों को कस कर बांधे हुए बैठा रह, हाथ अपनी टांगों के बीच दबाए हुए। आंटी ने उसे छोले की प्लेट मेज पर रख दी, और फिर वापस अपने काउंटर पर काम के लिए लग गई, प्याज काटने लगी। चिकू को अब पेट की भूख एकदम गायब हो गई थी।
उसकी नजरें तो बस उस पंजाबन पर टिकी हुई थी— जो उसकी दाहिनी तरफ दस कदम दूर खड़ी हो कर प्याज काट रही थी, हर बार झुकने पर उसकी मोटी गांड उठती थी, सूट के पतले कपड़े में गोल-गोल हिलती थी। चिकू का हाथ अपने आप ही उसके लौड़े की तरफ चला गया, और बिना सोचे समझे उसने लंड को पकड़ लिया, बड़े प्यार से धीरे-धीरे मसलने लगा।
अंदर से एक अजीब सी गर्मी दौड़ रही थी पूरे शरीर में। फिर चिकू को एक ठरकी आइडिया आया। वो अपनी ही प्लेट में रखे प्याज से एक टुकड़ा तोड़ कर उठाया, फिर अपने लंड के ऊपर रगड़ने लगा। उसके लंड के सिरे पर सूखा हुआ पूरा मुथ जमा हुआ था— जो कल रात हस्तमैथुन करने के बाद नहीं धोया था वो।
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चिकू ने पूरा सूखा वीर्य प्याज के टुकड़े पर अच्छे से लगा दिया, हर तरफ रगड़ दिया। फिर थोड़ी हिम्मत जुटा कर आंटी को आवाज लगाई, और जल्दी से अपनी टांगें बांध कर लौड़ा छुपा लिया। आंटी ने सुना, चाकू नीचे रखा, और उठ कर चली आई— चलते समय उसके मोटे चूचे सूट के पतले कपड़े के नीचे हिल रहे थे, हर कदम के साथ एक झूल सा उठ रहा था। “New Hot Story”
वो चिकू की बिल्कुल साइड में खड़ी हो कर बोली: “हां पुत्तर, बता क्या हुआ?” आवाज में वही गर्मी थी जो अभी थोड़ी देर पहले थी। चिकू ने थोड़ा डरते हुए, कांपती आवाज में बोला: “आंटी, ये प्याज शायद खराब हो गया है।” आंटी हल्की सी हैरानी से उसकी तरफ देखने लगी, भौंहें ऊपर उठ गई, गुलाबी होंठ थोड़े खुल गए।
चिकू ने वही प्याज का टुकड़ा— जिस पर उसने अपना सूखा मुथ लगाया था— आंटी की तरफ बढ़ा दिया। आंटी ने उसके हाथ से वो टुकड़ा लिया, फिर नाक के पास ले जा कर सूंघा। चिकू बैठा हुआ थोड़ा डरा हुआ था, पर साथ ही एक अलग तरीके की उत्तेजना से उसका पूरा शरीर कांप रहा था— लंड और ज्यादा कड़ा हो रहा था।
आंटी ने सूंघ कर सर हिलाया: “हां, थोड़ी अजीब सी महक तो आ रही है।” वो प्याज को फेंकने ही वाली थी कि चिकू ने जल्दी से कहा: “आंटी खा के देखो न, पता चल जाएगा।” आंटी ने चिकू की तरफ देखा, आंखों में एक हल्की सी शंका पर फिर भी वो मुस्कुराई, और प्याज का टुकड़ा अपने मुंह में डाल लिया।
जैसे ही वो प्याज उसके मुंह में गया, चिकू का लंड एक दम लोहे की तरह गरम और सख्त हो गया, और जांघों के बीच से ऊपर की तरफ आने लगा, कपड़े को धक्का दे रहा था। चिकू ने जल्दी से अपना बैग गोद में रख लिया, ताकि ऊपर से छिप जाए।
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आंटी ने कन्फ्यूजन वाला मुंह बनाया, गालों को हिला कर प्याज चबाया, और फिर निगल लिया। उसके गले में एक हल्की सी हलचल देख कर चिकू का लंड पूरी तरह फट पड़ने को हो गया, उससे पहले ही वीर्य का पतला पानी निकलने लगा, टप-टप कर उसकी जांघ पर गिर रहा था। “New Hot Story”
चिकू ने दांतों से होंठ दबा लिया, खुद को रोकने की कोशिश कर रहा था पर उत्तेजना बहुत ज्यादा थी। उसकी चूत तो पहले से ही कपड़े को भिगो रही थी, उत्तेजना से कांप रही थी ऐसा लग रहा था जैसे अभी पानी फुट जाएगा। ये कहानी आप क्रेजी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर पढ़ रहे है.
आंटी बोली: “हां पुत्तर, ये कुछ और ही स्वाद आ रहा है। कुछ जानी पहचानी सा स्वाद है पर याद नहीं आ रहा कि क्या है। तू एक काम कर, ये फेंक दे, मैं दूसरा ला के देती हूं तुझे।” और इतना कह कर आंटी वहां से वापस प्याज के ढेर की तरफ चली गई, और थोड़ी देर बाद नया प्याज का साफ टुकड़ा लेकर आई, और चिकू को दे दिया।
फिर आंटी का ध्यान अचानक फर्श की तरफ चला गया। उसकी नजरें वहां रुक गईं, जहां चिकू की कुर्सी के नीचे कुछ सफेद रंग की बूंदें गिरी हुई थीं— छोटी-छोटी, चिपचिपी बूंदें जो अभी-अभी टपकी थीं। आंटी की भौंह हल्की सी उठी, और वह धीरे से नीचे की तरफ झुकी, उसके मोटे चूचे सूट के अंदर दब कर और उठ गए।
चिकू ने ऑंटी की आंखों को फॉलो करके खुद भी नीचे देखा, और उसका दिल एकदम से धड़कना बंद हो गया। वो बुरी तरह डर गया— वहां जो बूंदें गिर रही थीं, वो उसके लंड से लीक हो रहा वीर्य ही था। जैसे ही उसने देखा, ठंडी पसीने उसकी पीठ पर आ गई, उसके हाथ कांपने लगे। “New Hot Story”
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उसने जल्दी से सिर उठाया, और डरते-डरते आंटी के चेहरे की तरफ देखा। पर आंटी क्या करेगी ये उसने कभी सोचा नहीं था। आंटी बस मुस्कुरा रही थी, हल्की सी चुराई हुई मुस्कान जो उसके गुलाबी होंठों पर फैली हुई थी। उसने धीरे से अपनी गर्दन हिलाई, और बोली: “अरे वाह, लगता है रायता गिर गया तुम्हारी कुर्सी के नीचे। कोई बात नहीं, तुम आराम से खा लो, मैं बाद में साफ कर लूंगी।”
इतना कह कर आंटी मुस्कुराते हुए वापस काउंटर की तरफ चली गई। हर कदम पर उसकी मोटी गोल गांड सूट के पतले कपड़े के नीचे ऐसे हिल रही थी जैसे कोई मीठा जाम हिल रहा हो, चिकू की नजरें उसी गांड पर टिकी रहीं। उसने इतना देख लिया कि वो और उत्तेजित हो गया, और बस तीन-चार बूंदें और उसके लंड से फर्श पर टपक पड़ीं। “New Hot Story”
चिकू ने दिल में शुक्राना माना कि कम से कम पूरा मुथ आंटी के सामने तो नहीं गिरा, वो अभी तक कुछ नहीं जानती। पर अचानक से चिकू की नजर अपनी प्लेट में पड़े रायते पर गई। और फिर उसके मुंह पर एक बड़ी सी ठरकी मुस्कान आ गई। अगर कहानी अच्छी लगी हो तो फीडबैक जरूर दे जिसका अगला पार्ट जल्दी आएगा टेलीग्राम “chikutvv” या ईमेल पार: chikutvstories@gmail.Com
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